तांबे के बर्तन का पानी होता है चमत्कारी, लेकिन जरा सी भूल पड़ सकती है भारी

बड़े बुजुर्गों से आपने कई बार सुना होगा कि तांबे के बर्तन में पानी पीना सेहत के लिए फायदेमंद होता है। काफी लोग ऐसा करते भी हैं लेकिन उनकी शिकायत रहती है कि उन्हें इसका खास फायदा नहीं हुआ। इसका कारण है कि उन्हें इसके प्रयोग का सही तरीका मालूम नहीं होता। नेचुरोपैथी विशेषज्ञ डॉ. रमाकांत शर्मा से जानते हैं तांबे के बर्तन में रखे पानी के गुणों के बारे में।गर्म तासीर का होता है
डॉ. रमाकांत शर्मा बताते हैं कि तांबा लाल और पीले रंग का मिश्रण होता है। दोनों रंग की तासीर गर्म होती है, लिहाजा तांबे में रखा पानी भी गर्म तासीर का हो जाता है। ऐसे में इसे गुनगुना करके पीने की जरूरत नहीं पड़ती।बर्तन को जमीन पर न रखें
डॉ. रमाकांत के मुताबिक तांबे का बर्तन पानी को चार्ज करने का काम करता है। इससे बर्तन के सारे गुण पानी में आ जाते हैं। इसलिए इस पानी को चार्ज्ड वॉटर माना जाता है। जब भी कोई वस्तु चार्ज की जाती है तो उसे अर्थिंग से बचाने के लिए जमीन पर नहीं रखा जाता। यही नियम इसमें भी लागू होता है। जब भी पानी तांबे के बर्तन में रखें तो उसे जमीन पर न रखें। लकड़ी के पाटे, मेज पर रखें। 8-12 घंटे ही बर्तन में रखें पानीपानी का पूरा फायदा लेने के लिए 8-12 घंटे तक इसे तांबे के साफ बर्तन में रखें। 12 घंटे से ज्यादा किसी हाल में न रखें वर्ना पानी कसैला हो जाता है। वो नुकसान भी कर सकता है।रात में पानी रखें, सुबह पिएं
तांबे के बर्तन में रखे पानी का पूरा लाभ उठाने का तरीका है कि रात में सोते समय तांबे का बर्तन साफ करके करीब एक से सवा लीटर तक पानी लकड़ी के पाटे या मेज पर रखें। सुबह उठते ही खाली पेट धीरे धीरे पानी पिएं। एक गिलास से शुरू करके इसे एक लीटर से सवा लीटर तक पिएं। एकदम से संभव न हो तो धीरे धीरे पानी पीने की क्षमता बढ़ाएं। पानी को घूंट घूंट करके पिएं। यदि ब्रह्म मुहुर्त में पानी पिएं तो सर्वोत्तम है।ये हैं फायदे
1. तांबा प्योरीफायर का काम करता है। ये पानी की अशुद्धियों को दूर कर देता है।
2. इसे पीने से पेट की आंतों की गंदगी साफ होती है। आंतों की गंदगी साफ होने से पूरे शरीर पर अच्छा प्रभाव पड़ता है।
3. तांबा रक्त शुद्धि का काम करता है। इसके कारण त्वचा संबंधी समस्याएं भी ठीक होती हैं।
4. कोलेस्ट्रॉल को घटाने में मददगार है।भूलकर भी ये गलती न करें
1. यदि पेट में अल्सर है या एसिडिटी की समस्या है तो तांबे के बर्तन का पानी न लें क्योंकि इसकी तासीर गर्म होती है।
2. यदि किडनी या हार्ट के मरीज हैं तो डॉक्टर की सलाह से ही पानी पिएं। ज्यादा पानी एक बार में पीना नुकसान दायक हो सकता है।
3. पानी के अलावा खाने पीने की कोई भी चीज तांबे के बर्तन में डालकर प्रयोग न करें। खासकर दूध, दूध से बनी चीजें और खट्टी चीजें। ये विषाक्त हो सकती हैं। इससे फूड पॉयजनिंग भी हो सकती है।