पीएम मोदी का राम मंदिर पर बड़ा ऐलान, यह होगा ट्रस्ट का नाम, गूंजे जयश्री राम के नारे

 लोकसभा में बजट सत्र के दौरान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अयोध्या में राममंदिर के संबंध में बड़ा ऐलान किया। उन्होंने अयोध्या में श्री रामजन्मभूमि से जुड़े न्यास के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि रामजन्मभूमि से जुड़ा मुद्दा मेरे दिल के बहुत करीब है। पीएम ने कहा कि देश की शीर्ष अदालत आदेश के अनुसार राम मंदिर के बारे में वृहद योजना तैयार की जा रही है।
पीएम मोदी ने राम मंदिर से जुड़े न्यास का ऐलान करते हुए कहा कि इस ट्रस्ट का नाम श्रीरामजन्म भूमि तीर्थ क्षेत्र होगा। यह ट्रस्ट भगवान राम मंदिर से जुड़े सभी फैसले लेने के लिए स्वतंत्र होगा। पीएम मोदी के इस ऐलान के बाद लोकसभा में जयश्री राम के नारे गूंजने लगे। भाजपा ने इस घोषणा के लिए पीएम का आभार जताया।
यूपी सरकार ने पांच एकड़ पर दी सहमति पीएम ने लोकसभा में कहा कि अयोध्या में अधिग्रहीत 67 एकड़ जमीन राम मंदिर ट्रस्ट को दी गई है। पीएम ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार ने अयोध्या मामले में सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार सुन्नी वक्फ बोर्ड को पांच एकड़ जमीन देने पर सहमति दे दी है। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने राम मंदिर के पक्ष में फैसला दिया था। शीर्ष अदालत ने सुन्नी वक्फ बोर्ड को 5 एकड़ जमीन देने को भी कहा था। आज सुबह एक बैठक में सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के मुताबिक अनुरूप बड़े फैसले लिए गए हैं।
इस मुद्दे पर बात करना मेरा सौभाग्य पीएम मोदी ने कहा कि 9 नवंबर, 2019 को मैं करतारपुर साहिब कॉरिडोर के उद्घाटन के लिए पंजाब में था। वो एक अद्भुत अनुभव था। इसी दौरान मुझे राम जन्मभूमि मामले पर ऐतिहासिक निर्णय के बारे में पता चला था। उन्होंने कहा कि करोड़ों देशवासियों की तरह ही भगवान राम मेरे हृदय के करीब हैं। इस विषय पर बात करना मैं अपना सौभाग्य समझता हूं। देश के लोगों की सराहना की पीएम मोदी ने कहा कि 9 नवंबर को फैसले के बाद भारत के सभी नागरिकों ने देश की लोकतांत्रिक प्रणाली में अपनी धारणा साबित कर दी थी। मैं भारत के लोगों के इस चरित्र की सराहना करता हूं। भारत में रहने वाले सभी समुदाय एक बड़े परिवार के सदस्य हैं। हमारी संस्कृति, परंपराएं, हमें वसुधैव कुटुंबकम और सर्वे भवन्तु सुखिन: का दर्शन देती हैं और इसी भावना के साथ आगे बढऩे की प्रेरणा भी देती हैं।
शाह और योगी ने पीएम को कहा धन्यवाद केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह व उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोकसभा में ट्रस्ट के ऐलान का स्वागत करते हुए पीएम के प्रति आभार जताया है। शाह ने कहा कि प्रस्तावित ट्रस्ट में पंद्रह सदस्य होंगे। एक सदस्य दलित समाज से होगा। केन्द्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने भी पीएम का आभार जताते हुए जयश्रीराम का उद्घोष किया। केन्द्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि राममंदिर की तारीख न बताने का तंज कसने वालों को पीएम ने जवाब दे दिया है। देश में इतने समय से चल रहे विवाद का अंत हो गया है।
अयोध्या विवाद पर यह था कोर्ट का फैसला सुप्रीम कोर्ट ने अयोध्या विवाद के बारे में 9 नवंबर को ऐतिहासिक फैसला सुनाया था। लगभग एक सदी से अधिक पुराने मामले का पटाक्षेप करते हुए शीर्ष अदालत ने अयोध्या में विवादित स्थल पर राम मंदिर निर्माण का मार्ग प्रशस्त कर दिया था। साथ ही यह भी आदेश दिया था कि अयोध्या में मस्जिद के लिए पांच एकड़ वैकल्पिक जमीन दी जाए।
सर्वसम्मत था फैसला अदालत ने कहा था कि विवादित 2.77 एकड़ जमीन अब केंद्र सरकार के रिसीवर के पास रहेगी, जो इसे सरकार की ओर से बनाए जाने वाले ट्रस्ट को सौंपेंगे. पीठ ने केंद्र सरकार से कहा था कि मंदिर निर्माण के लिए तीन महीने के भीतर एक ट्रस्ट बनाया जाना चाहिए। तत्कालीन चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली पांच सदस्यीय संविधान पीठ ने यह सर्वसम्मत फैसला सुनाया था।